झारखंड की हेमंत सरकार ने तीसरी बार राज्य का बजट पेश किया. राज्य के वित्त मंत्री डॉ रामेश्वर उरांव ने एक लाख एक हजार एक सौ एक करोड़ रुपये (1,01,101 करोड़ रुपये) का बजट पेश किया. इस दौरान झारखंड कृषि ऋण माफी योजना के तहत अब तक 2 लाख 11 हजार 5 सौ 30 किसानों को (2,11,530 किसान) लाभ दिया गया है. इसके तहत इन किसानों के खाते में 836 करोड़ रुपये भेजे गये हैं. वित्त मंत्री ने वित्तीय वर्ष 2022-23 में कृषि एवं संबंद्ध प्रक्षेत्र के लिए 4091.37 करोड़ रुपये (4 हजार 91 करोड़ 37 लाख रुपये) का बजट प्रस्तावित किया गया है.
जानिए, वित्त मंत्री ने सदन में क्या-क्या घोषणाएं की
- झारखंड सरकार किसानों को खेती के लिए 100 यूनिट बिजली मुफ्त देगी।
- राज्य सरकार जनवितरण प्रणाली की दुकानों के माध्यम से एक रुपये किलो दाल मुहैया कराएगी।
- बजट में आधारभूत संरचनाओं और कल्याणकारी योजनाओं में सामंजस्य।
- बिजली, सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा में आधारभूत संरचनाओं के विकास पर जोर।
- राज्य में गोधन विकास योजना शुरू की जाएगी। सरकार गोबर की खरीदारी कर बायोगैस को बढ़ावा देगी। इससे 40 हजार किसानों को स्वरोजगार से जोड़ा जाएगा।
- राज्य सरकार वित्तीय वर्ष 2022-23 में जल संसाधन विकास पर कुल 1894.48 करोड़ रुपये खर्च करेगी। इसके लिए बजट में प्रविधान किए गए हैं।
- मनरेगा में 2022-23 में 12 करोड़ पचास लाख मानव दिवस सृजन का लक्ष्य रखा गया है।
- झारखंड सरकार राज्य के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों में 15 लाख बच्चों को गर्म पोशाक देगी। इसके लिए बजट में प्रविधान किया गया है।
- रांची में मेडिकल, इंजीनियरिंग की तैयारी कराने के लिए शुरू की गई आकांक्षा योजना के तहत रीडिंग रूम का निर्माण कराया जाएगा।
- झारखंड सरकार स्कूली शिक्षा पर सरकार 11607 करोड़ 67 लाख रुपये खर्च करेगी।
- रांची में मेडिकल, इंजीनियरिंग की तैयारी कराने के लिए शुरू की गई आकांक्षा योजना के तहत रीडिंग रूम का निर्माण कराया जाएगा।
- स्कूली शिक्षा पर सरकार 11607 करोड़ 67 लाख रुपये खर्च करेगी।
- उच्च शिक्षा में विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के लिए गुरुजी क्रेडिट कार्ड योजना शुरू होगी।
- जिला पुस्तकालय की स्थापना की जाएगी।
- ज्ञानोदय योजना के तहत स्कूलों में साइंस लैब एवं स्मार्ट क्लास की सुविधा विकसित की जाएगी।
- स्वास्थ्य के बजट में 27 प्रतिशत की वृद्धि 5618 करोड़ 83 लाख का बजट।
- सभी जिला अस्पताल 300 बेड के अस्पतालों में अपग्रेड होंगे।
- रांची के रिम्स, जमशेदपुर के एमजीएम तथा धनबाद के पीएमसीएच का सुदृढ़ीकरण होगा।
- कई अनुमंडल अस्पताल जिला अस्पताल में अपग्रेड होंगे।
- खाद्य सुरक्षा योजना से 5 लाख और लाभुक जुड़ेंगे।
- स्नातक उत्तीर्ण बेरोजगारों को रोजगार के लिए तैयार करेगी।
- श्रम नियोजन में 590 करोड़ 70 लाख रुपए का प्रस्ताव।
- सरना, हरगड़ी, मसना की चारदीवारी निर्माण तथा सोलर ऊर्जा के लिए 175 करोड़ रुपए का प्रस्ताव।
- राज्य सरकार इको टूरिज्म को बढ़ावा देगी।
- रांची में जाम की समस्या के निवारण के लिए इनर रिंग रोड तथा कई फ्लाई ओवर का भी प्रस्ताव।
- झारखंड सरकार ने इसबार बजट में एयर एंबुलेंस के लिए भी प्रविधान किया है।
- रांची और देवघर में आवासीय कॉलोनी विकसित की जाएगी।
- रांची के सौंदर्यीकरण पर काम हो रहा है।
- नगर विकास पर सरकार 3055 करोड़ रुपये 2022-23 में खर्च करेगी।
- राज्य के जलप्रपातों में पर्यटन के विकास के लिए विश्वस्तरीय सुविधाएं विकसित की जाएंगी। वहां रोपवे का भी निर्माण होगा।
- युवाओं के लिए गांव में सिदो कान्हू क्लब की स्थापना की जाएगी।
- रांची में राज्य स्तरीय सांस्कृतिक केंद्र का निर्माण होगा।
- राज्य सरकार पर्यटन एवं कला संस्कृति पर 349. 39 करोड़ रुपये खर्च करेगी।
- राज्य में 1828 पंचायत जीरो ड्रॉपआउट घोषित हो चुके हैं। राज्य सरकार वर्ष 2022 में 1000 और पंचायतों को जीरो ड्रॉप आउट करने का प्रयास करेगी।
- सीएम सारथी योजना शुरू होगी।
- आगामी वित्तीय वर्ष में एग्री स्मार्ट ग्राम योजना शुरू होगी, जिसके तहत प्रथम चरण में 100 गांवों का चयन स्थानीय विधायकों की अनुशंसा पर किया जाएगा। इन गांवों का गैप एनालिसिस कर विभिन्न योजनाओं से कन्वर्जेंस करते हुए इन गांवों का समग्र विकास किया जाएगा।
- विभिन्न आपदा में होने वाले नुकसान के लिए झारखंड राज्य फसल राहत योजना के तहत 25 करोड़ रुपये का कॉरपस फंड का निर्माण किया जाएगा।
- ग्राम पंचायत भवनों को ज्ञान केंद्रों के रूप में विकसित करने तथा ग्रामीणों को पढ़ने का स्थान उपलब्ध कराने के लिए पंचायत ज्ञान केंद्रों की स्थापना की जाएगी इस पर आगामी वित्तीय वर्ष में 21 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
- आंगनवाड़ी केंद्रों में पूरक पोषाहार पकाने एवं वितरण करने हेतु बर्तनों तथा स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता हेतु एक-एक जल शोधक यंत्र की आपूर्ति की जाएगी।
- विद्यालय से बाहर रह रही 23 हजार किशोरियों का चयन कर उनका नामांकन आठवीं एवं दसवीं में कराया जाएगा।
- बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करने के लिए निदानात्मक शिक्षा अर्थात रिमेडियल क्लास शुरू की जाएगी। इस पर आगामी वित्तीय वर्ष में 40 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
- झारखंड सरकार अपने 42000 शिक्षकों को टैब उपलब्ध कराएगी। बजट में इसके लिए राशि का प्रविधान किया गया है।
- प्रत्येक पंचायतों में प्रज्ञा केंद्रों अर्थात कॉमन सर्विस सेंटरों को सुदृढ़ किया जाएगा। इस पर 45 करोड़ रुपये सरकार खर्च करेगी।
- राष्ट्रीय शिक्षा नीति तथा शिक्षा के अधिकार अधिनियम को लागू करने हेतु शिक्षक छात्र अनुपात को राष्ट्रीय मानक के अनुरूप लाने के लिए शिक्षकों के नए पद सृजित होंगे।
- पारा शिक्षकों के मानदेय के लिए अतिरिक्त 600 करोड़ रुपए का प्रस्ताव बजट में किया गया है। बता दें कि राज्य सरकार ने टेट पास पारा शिक्षकों के मानदेय में 50 प्रतिशत तथा गैर टेट पास पारा शिक्षकों के मानदेय में 40 प्रतिशत की वृद्धि करने का निर्णय लिया है।
- प्रधानमंत्री आवास योजना- ग्रामीण के तहत एक अतिरिक्त कमरों का निर्माण राज्य सरकार कराएगी। इसके लिए प्रति आवास की दर से 50 हजार रुपये की राशि अतिरिक्त उपलब्ध कराई जाएगी।
- दुमका के मसालिया एवं रानेश्वर प्रखंड में सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने के लिए मसालिया-रानेश्वर मेगा लिफ्ट योजना शुरू होगी।
- बजट में आम लोगों खासकर युवाओं के सुझावों को प्राथमिकता दी गई है।
- एक लाख एक हजार 101 करोड़ का झारखंड बजट पेश।
किस मद में कितना खर्च करेगी हेमंत सोरेन सरकार
वर्ष 22-23 में राजस्व व्यय के लिए 76273 करोड़ 30 लाख रुपये का प्रस्ताव। पिछले वित्तीय वर्ष की तुलना में इस वर्ष बजट में 11 प्रतिशत की वृद्धि। स्वास्थ्य, पेयजल, शिक्षा एवं खाद्यान्न वितरण जैसे सामाजिक क्षेत्र पर बल देते हुए स्वास्थ्य में 27 प्रतिशत, पेयजल में 20 प्रतिशत तथा शिक्षा में 6.5 प्रतिशत तथा खाद्यान्न वितरण में 21 प्रतिशत की वृद्धि।
जनता को जो प्रिय लगे वही काम राजा को करना चाहिए : वित्त मंत्री
शून्यकाल समाप्त होते ही झारखंड के वित्त मंत्री रामेश्वर उरांव ने बजट पेश करना शुरू कर दिया है। झारखंड के महापुरुषों को नमन करते हुए उन्होंने दो टूक कहा कि जनता को जो प्रिय लगे उस काम को राजा को करना चाहिए। इस दौरान उन्होंने सीएम पेट्रोल अनुदान योजना का जिक्र किया।उन्होंने कहा कि राज्य की जनता के सुझाव के बाद बजट बनाया गया है। हर वर्ग को इसमें ध्यान रखा गया है। सरकार सबके लिए चिंता कर रही है।वित्त मंत्री रामेश्वर उरांव ने एक लाख एक हजार 101 करोड़ का झारखंड बजट पेश किया है।

