रांची: अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी गोपाल भेंगरा का निधन हो गया है. 1978 हॉकी विश्व कप में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाले गोपाल भेंगरा रांची का गुरुनानक अस्पताल में इलाज के दौरान उनका निधन हो गया. उनके निधन से झारखंड सहित पूरे देशभर के खेल प्रेमियों में शोक की लहर है.
पिछले 3 दिनों से गोपाल अस्पताल में भर्ती थे. उनका इलाज डॉक्टर कर रहे विजय राज ने बताया कि उनका ब्रेन हेमरेज हुआ था और एक किडनी खराब थी. जब गोपाल भेंगरा बीमार थे तब उनकी खबर लेने वाला कोई नहीं था. इस वजह से उन्होंने सरकार से मदद की गुहार भी लगायी थी. बता दें कि गोपाल भेंगरा 1978 के विश्व कप में वे भारतीय टीम के सदस्य थे. विश्व कप में अर्जेंटीना और पाकिस्तान के विरुद्ध खेल चुके थे.
सेना के कई सुविधाओं से रहे वंचित
गोपाल बेंगरा आर्मी में कार्यरत थे, लेकिन गोपाल भेंगरा के पास जरूरी कागजात नहीं होने की वजह से आर्मी के तरफ से देने वाली कई सुविधाएं नहीं मिल पा रही थी. यही वजह रही कि उन्हें सेना के अस्पताल में इलाज नहीं मिल सका. इसलिए उन्हें प्राइवेट अस्पताल में इलाज के लिए जाना पड़ा. लेकिन आर्थिक स्थिति सही नहीं होने की वजह से सही इलाज की सुविधा नहीं मिल सकी और ना ही आर्मी कैंटीन की सुविधा मिली.
बेटे ने लगाई थी मदद की गुहार
उनका बेटा अर्जुन भेंगरा ने बताया कि घर में जो पैसे थे वो इलाज में खर्च हो गये. अब पिताजी के इलाज के लिए उनके पास पैसे नहीं हैं. खेती-बारी से ही परिवार का खर्च चलता है. उन्होंने सरकार से मदद की गुहार लगायी थी.
ओलंपिक हॉकी के लिए भी हुआ था चयन
गोपाल ने बताया था कि उनका चयन ओलंपिक हॉकी के लिए भी हुआ था, लेकिन किसी कारणवश वह नहीं जा सके थे. 1979 में आर्मी से वापस आने के बाद मोहन बागान की टीम से बतौर कप्तान हॉकी खेली. 1986 में वे गांव लौट गये. पेंशन के रूप में मिलने वाली थोड़ी पैसे से ही उनका गुजारा चलता था.
2017 में सुनील गावस्कर ने की थी मदद
वर्ष 2017 में जब सुनील गावस्कर रांची में हो रहे टेस्ट मैच के दौरान कॉमेंट्री करने पहुंचे थे. उस वक्त तोरपा के पत्रकारों की मदद से वे सुनील गावस्कर से मिल पाये थे. तब गावस्कर ने उन्हें इंडिया टीम की जर्सी भेंट की थी. और अपनी संस्था से हर महीने आर्थिक सहायता करते थे।

