रांची: देवघर सिविल कोर्ट में पिछले दिनों हुई हत्याकांड मामले में झारखंड उच्च न्यायालय ने स्वतः संज्ञान लिया है। देवघर के प्रधान जिला सत्र न्यायाधीष के पत्र को आधार बनाते हुए अदालत ने संज्ञान को जनहित याचिका में तब्दील किया है।
उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीष न्यायमूर्ति डॉ0 रविरंजन ने इस संबंध में राज्य सरकार से जवाब मांगा है। इसके साथ ही अदालत ने देवघर सिविल कोर्ट में सुरक्षा ऑडिट कराने का आदेश भी दिया है। मामले में मुख्य न्यायाधीश डॉ0 रविरंजन ने सुरक्षा मामले में गंभीर टिप्पणी करते हुए कहा कि सूबे में सुरक्षा व्यवस्था चलर है, रोज हत्याएं हो रही है, हथौड़े से मासूमों का भी अदालत ने जिक्र किया और इस पर चिंता जतायी। अदालत ने इस मामले में 8 जुलाई को सुनवाई की तिथि निर्धारित की है।
गौरतलब है कि विगत 18 जून को देवघर के सिविल कोर्ट में पेशी के लिए आये अमित कुमार सिंह की अपराधियों ने गोली मार कर हत्या कर दी थी। बिहार के बेउर जेल से पेशी के लिए आये अमित सिंह को अपराधियों ने तीन गोली मारी थी, जिसमें उसके सिर और छाती पर गोली लगी थी और घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गयी थी।

