रांची: झारखंड सरकार द्वारा रांची में 10 जून को उपद्रव की घटना को लेकर गठित उच्चस्तरीय जांच समिति ने सोमवार को मेन रोड स्थित घटनास्थल पर पहुंच कर छानबीन की। जांच समिति के सदस्य और आपदा प्रबधन विभाग के सचिव अमिताभ कौशल ने गैंग ऑफ वासेपुर समेत जांच में सामने आयी अन्य किसी भी गोपनीय जानकारी को साझा करने से इनकार करते हुए कहा कि सीसीटीवी कैमरा, अन्य साक्ष्य, लोगों से मिली जानकारियां और इनपुट का अध्ययन करने के बाद समिति अपनी रिपोर्ट निर्धारित समय में सरकार को सौंप देगी।
घटनास्थल का दौरा करने के साथ ही कई लोगों से बातचीत की
आपदा प्रबंधन सचिव ने घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों का दौरा करने के बाद पत्रकारों से बातचीत में कहा कि अभी छानबीन चल रही है, सीसीटीवी कैमरा, अन्य साक्ष्य और लोगों से बातचीत में सभी जानकारियों का अध्ययन करने के बाद रिपोर्ट तैयार की जाएगी। उन्होंने कहा कि जांच समिति को 7 दिनों का समय मिला है और समिति अपना काम कर रही है,लेकिन अभी जांच में सामने आये गोपनीय तथ्यों को उजागर नहीं किया जा सकता है। इस दौरान जांच समिति के सदस्य अमिताभ कौशल और एडीजी संजय लाटकर ने कई लोगों से बातचीत भी की।
वाट्सऐप ग्रुप वासेपुर गैंग की संलिप्तता की बात सामने आयी
सूत्रों के मुताबिक पुलिस को प्रारंभिक छानबीन में भीड़ को इकट्ठा करने के लिए एक वाट्सऐप ग्रुप ‘वासेपुर गैंग’ का इस्तेमाल होने की खबर मिली है। पुलिस अब इस वाट्सअप ग्रुप के एडमिन की तलाश कर रही है। हालांकि जब इस संबंध में जांच समिति के सदस्य अमिताभ कौशल से बातचीत की गयी, तो उन्होंने किसी भी तरह की जानकारी देने से अभी इनकार किया है।

