रांची: डीजल पर वैट की दरों को कम करने और सरकारी बकाया राशि के भुगतान की मांग को लेकर झारखंड पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन ने 21 दिसंबर को रांची सहित पूरे झारखंड में पेट्रोल पंप बंद रखने का निर्णय लिया है. एक दिन की बंदी से सरकार को 10.5 करोड़ रुपये का नुकसान होगा.
डीजल पर वैट की दरों को कम करने और सरकारी बकाया राशि के भुगतान की मांग को लेकर झारखंड पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन ने 21 दिसंबर को रांची सहित पूरे झारखंड में पेट्रोल पंप बंद रखने का निर्णय लिया है. एक दिन की बंदी से सरकार को 10.5 करोड़ रुपये का नुकसान होगा.
सदस्यों का कहना है कि झारखंड के पड़ोसी राज्यों ने डीजल पर टैक्स कम कर दिया है. इसी कारण राज्य में डीजल की बिक्री पर व्यापक असर पड़ा है. झारखंड पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन ने राज्य सरकार से आगामी 5 जनवरी, 2022 तक उनकी मांगों पर विचार करने की अपील की है.
एक दिन में 21़ 42 लाख लीटर पेट्रोल की होती है बिक्री
एक दिन में झारखंड में लगभग 21़ 42 लाख लीटर पेट्रोल और 37़ 37 लाख लीटर डीजल की बिक्री होती है. इससे एक दिन में सरकार को राजस्व के रूप में लगभग 10़ 5 करोड़ रुपये का नुकसान होने की उम्मीद है. प्रदर्शन के मौके पर राजहंस मिश्रा, कमल सिंह, विनोद रंजन, नीरज भट्टाचार्य, कमलेश सिंह, मानस सिन्हा, प्रशांत चौधरी, प्रमोद कुमार, सुरेंद्र रॉय उपस्थित थे.

