झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के सार्थक प्रयास से लगातार मानव तस्करी के शिकार बालक व बालिकाओं को मुक्त कराकर उन्हें पुनर्वास कराया जा रहा है. इसी कड़ी में मानव तस्करी की शिकार झारखंड के गुमला जिले की पांच बच्चियों को दिल्ली से मुक्त कराया गया है. इन्हें वापस झारखंड लाया जा रहा है. इसके बाद उन्हें विभिन्न योजनाओं से जोड़कर नयी दिशा दी जायेगी, ताकि वे फिर इस दलदल में नहीं फंसें.
दिल्ली से रांची लायी जा रहीं बच्चियां: महिला एवं बाल विकास विभाग के निदेशक ए डोडे द्वारा सभी जिलों को सख्त निर्देश दिया गया है कि जिस भी जिले के बच्चों को दिल्ली में रेस्क्यू किया जाएगा, उस जिले के जिला समाज कल्याण पदाधिकारी एवं बाल संरक्षण पदाधिकारी द्वारा बच्चों को उनके मूल जिले में पुनर्वास किया जाएगा. इसी क्रम में गुमला जिले के जिला समाज कल्याण पदाधिकारी सीता पुष्पा एवं जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी वेद प्रकाश तिवारी द्वारा पहल करते हुए दिल्ली में रेस्क्यू की गयी पांचों बच्चियों को दिल्ली से गरीब रथ से वापस रांची लाया जा रहा है. इन बच्चियों को समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं से जोड़ा जाएगा, ताकि ये बच्चियां फिर से मानव तस्करी का शिकार न हो पाएं.

