Close Menu
कोयलाचंल संवाद

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    What's Hot

    मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने नेमरा गांव में लिया जमीनी जायजा, तालाब निरीक्षण और बाहा पूजा के दौरान ग्रामीणों से की मुलाकात

    March 5, 2026

    नीतीश कुमार ने राज्यसभा के लिए नामांकन भरा, अमित शाह और चिराग पासवान ने दी शुभकामनाएं – बिहार की राजनीति में नई हलचल

    March 5, 2026

    झारखंड में 73% मतदाताओं का सत्यापन पूरा, अप्रैल से शुरू होगा SIR अभियान

    March 5, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    • E-Paper
    • ताजा हिंदी खबरें
    • झारखंड
    • रांची
    Facebook X (Twitter) Instagram
    कोयलाचंल संवादकोयलाचंल संवाद
    Subscribe
    • कोयलांचल संवाद
    • झारखण्ड
    • बिहार
    • राष्ट्रीय
    • बिज़नेस
    • नौकरी
    • मनोरंजन
    • अंतरराष्ट्रीय
    • खेल
    • E-Paper
      • E-paper Dhanbad
      • E-Paper Ranchi
    कोयलाचंल संवाद
    Home»Breaking News»झारखंड हाईकोर्ट का बड़ा आदेश: बोकारो बाल सुधार गृह के बर्खास्त कर्मचारियों की सेवा तत्काल बहाल
    Breaking News

    झारखंड हाईकोर्ट का बड़ा आदेश: बोकारो बाल सुधार गृह के बर्खास्त कर्मचारियों की सेवा तत्काल बहाल

    AdminBy AdminNovember 27, 2025No Comments3 Mins Read
    WhatsApp Facebook Twitter Copy Link Pinterest Email
    Share
    WhatsApp Facebook Twitter Copy Link Pinterest Email

    झारखंड हाईकोर्ट ने बोकारो बाल सुधार गृह के बर्खास्त कर्मचारियों की सेवा तत्काल बहाल करने का आदेश दिया है. न्यायाधीश दीपक रौशन ने बाल सुधार गृह के बर्खास्त कर्मचारियों की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई के बाद आज यह फैसला सुनाया.

     

    वर्ष 2016 में बोकारो के तत्कालीन उपायुक्त ने बाल सुधार गृह में आठ पदों पर नियुक्ति के लिए विज्ञापन प्रकाशित किया था. इंटरव्यू के बाद सफल हुए आठ लोगों को नियुक्त किया गया. जिन लोगों को नियुक्त किया गया उसमें बाल मुकुंद प्रजापति, संदीप कुमार, राजेश कुमार, मुकेश कुमार दास, राजेंद्र प्रसाद और राजेश कुमार-2 का नाम शामिल था. नियुक्ति के बाद इन कर्मचारियों का सर्विस बुक खोला गया.

     

    साथ ही नियमित कर्मचारियों की तरह वेतन भुगतान किया जाता रहा. एक साल बाद इन कर्मचारियों को एक महीने का नोटिस देकर सेवा समाप्त करने का आदेश जारी किया. इसके बाद उन कर्मचारियों की नियमित सेवा समाप्त कर उन्हें जनवरी 2018 से दैनिक मजदूर के रूप में काम कराया गया.

     

    बाल सुधार गृह के इन कर्मचारियों ने वर्ष 2017 में याचिका दायर की. इसमें उन्हें नियमित कर्मचारी से दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी बनाए जाने के सरकारी फैसला का विरोध किया गया. मामले की सुनवाई के दौरान सरकार की ओर से यह कहा गया कि विभाग ने बाल सुधार गृह के आठ पदों पर संविदा के आधार पर नियुक्त करने का फैसला किया था.

     

    इसके आलोक में विज्ञापन प्रकाशित किया गया और नियुक्ति की गई. लेकिन गलती से उनका सर्विस बुक खोल दिया गया. मामले के पकड़ में आने के बाद एक महीने का नोटिस देकर उनकी सेवा समाप्त कर दी गई.

     

    याचिकादाताओं की ओर से इसका विरोध करते हुए यह बताया गया कि उनकी नियुक्ति नियमित कर्मचारियों की तरह विज्ञापन के माध्यम से हुई. सर्विस बुक खोला गया और नियमित कर्मचारी के रूप में वेतन भुगतान किया गया. सरकार के स्तर से हुई गलती में कर्मचारियों का कोई दोष नहीं है. इसलिए उन्हें नियमित सेवा का लाभ दिया जाना चाहिए.

     

    न्यायालय ने सभी पक्षों की दलील सुनने के बाद 27 नवंबर 2025 को अपना फैसला सुनाया. अदालत ने अपने फैसले में कहा कि बाल सुधार गृह में नियुक्त इन कर्मचारियों का योगदान स्वीकार किया गया. उनका सर्विस बुक खोला गया. वेतन का भुगतान किया गया. लेकिन सरकार को अपनी गलती का पता लगने के बाद इन कर्मचारियों के सेवा एक महीने का नोटिस देकर समाप्त कर दिया गया.

     

    अपनी गलती सुधारने के लिए सेवा समाप्त करने के लिए जारी किया गया आदेश कानून की नजर में सही नहीं है. इसलिए सेवा समाप्त करने के लिए जारी आदेश को रद्द किया जाता है. साथ ही तत्काल इन कर्मचारियों की सेवा बहाल करने का आदेश दिया जाता है.

    Share. WhatsApp Facebook Twitter Email Copy Link
    Admin

    Related Posts

    मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने नेमरा गांव में लिया जमीनी जायजा, तालाब निरीक्षण और बाहा पूजा के दौरान ग्रामीणों से की मुलाकात

    March 5, 2026

    नीतीश कुमार ने राज्यसभा के लिए नामांकन भरा, अमित शाह और चिराग पासवान ने दी शुभकामनाएं – बिहार की राजनीति में नई हलचल

    March 5, 2026

    झारखंड में 73% मतदाताओं का सत्यापन पूरा, अप्रैल से शुरू होगा SIR अभियान

    March 5, 2026
    Add A Comment

    Comments are closed.

    Recent Posts
    • मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने नेमरा गांव में लिया जमीनी जायजा, तालाब निरीक्षण और बाहा पूजा के दौरान ग्रामीणों से की मुलाकात
    • नीतीश कुमार ने राज्यसभा के लिए नामांकन भरा, अमित शाह और चिराग पासवान ने दी शुभकामनाएं – बिहार की राजनीति में नई हलचल
    • झारखंड में 73% मतदाताओं का सत्यापन पूरा, अप्रैल से शुरू होगा SIR अभियान
    • छत्तीसगढ़ में पुलिस-नक्सली मुठभेड़, 5 लाख का इनामी नक्सली ढेर, भारी हथियार बरामद
    • लो-प्रोफाइल लाइफ से सियासत तक? निशांत कुमार की एंट्री से बिहार की राजनीति में हलचल
    • झारखंड में वोटर लिस्ट पर महासंग्राम: अप्रैल से शुरू होगी SIR
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest Vimeo YouTube
    • E-Paper
    • Content Policy Guidelines
    • Privacy Policy
    • Terms of Use
    © 2026 Koylanchal Samvad. Designed by Aliancy Technologies.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.