Close Menu
कोयलाचंल संवाद

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    What's Hot

    SC/ST/OBC के खाली पदों पर विधायक राजेश कच्छप ने विधानसभा में की बहस, सरकार ने दिया जवाब

    February 21, 2026

    Jharkhand High Court का बड़ा फैसला: केवल शक के आधार पर नहीं मिलेगा तलाक

    February 21, 2026

    Jharkhand में मोबाइल ऐप से होगी जनगणना, गलत जानकारी पर सख्त सजा

    February 21, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    • E-Paper
    • ताजा हिंदी खबरें
    • झारखंड
    • रांची
    Facebook X (Twitter) Instagram
    कोयलाचंल संवादकोयलाचंल संवाद
    Subscribe
    • कोयलांचल संवाद
    • झारखण्ड
    • बिहार
    • राष्ट्रीय
    • बिज़नेस
    • नौकरी
    • मनोरंजन
    • अंतरराष्ट्रीय
    • खेल
    • E-Paper
      • E-paper Dhanbad
      • E-Paper Ranchi
    कोयलाचंल संवाद
    Home»Breaking News»Jharkhand High Court का बड़ा फैसला: केवल शक के आधार पर नहीं मिलेगा तलाक
    Breaking News

    Jharkhand High Court का बड़ा फैसला: केवल शक के आधार पर नहीं मिलेगा तलाक

    AdminBy AdminFebruary 21, 2026No Comments2 Mins Read
    WhatsApp Facebook Twitter Copy Link Pinterest Email
    Share
    WhatsApp Facebook Twitter Copy Link Pinterest Email

    झारखंड हाईकोर्ट ने वैवाहिक विवाद से जुड़े एक मामले में अहम फैसला दिया है। कोर्ट ने कहा है कि केवल शक या सामान्य आरोपों के आधार पर तलाक नहीं दिया जा सकता। अदालत ने कहा कि अवैध संबंध जैसे गंभीर आरोपों को साबित करने के लिए ठोस और विश्वसनीय साक्ष्य आवश्यक हैं।

    यह मामला दो बच्चों वाले एक दंपती से जुड़ा है, जिनका विवाह दिसंबर 2011 में हिंदू रीति-रिवाज से हुआ था। पति ने आरोप लगाया था कि विवाह के कुछ समय बाद उसकी पत्नी का किसी अन्य व्यक्ति से अवैध संबंध हो गया। उसके अनुसार वर्ष 2021 में पत्नी दोनों बच्चों, आभूषण और नगदी लेकर घर छोड़कर चली गई।

    फैमिली कोर्ट में तलाक की याचिका

    इन आरोपों के आधार पर पति ने गोड्डा जिला स्थित फैमिली कोर्ट में तलाक की याचिका दायर की थी। इस अदालत ने 15 अक्टूबर 2022 को यह कहते हुए याचिका खारिज कर दी कि लगाए गए आरोपों के समर्थन में पर्याप्त साक्ष्य प्रस्तुत नहीं किए गए।

    पति ने झारखंड हाईकोर्ट में अपील दायर की

    परिवार न्यायालय के फैसले को चुनौती देते हुए पति ने झारखंड हाईकोर्ट में अपील दायर की। अपील पर सुनवाई करते हुए न्यायाधीश सुजीत नारायण प्रसाद और न्यायाधीश अरुण कुमार राय की खंडपीठ ने निचली अदालत के निर्णय को बरकरार रखा।

    गंभीर आरोप प्रमाणित नहीं

    खंडपीठ ने कहा कि केवल संदेह या सामान्य आरोपों के आधार पर वैवाहिक संबंध विच्छेद की अनुमति नहीं दी जा सकती। अदालत ने गौर किया कि कथित अवैध संबंध के समर्थन में कोई ठोस साक्ष्य, जैसे कॉल डिटेल रिकॉर्ड, दस्तावेज या किसी विशेष घटना का स्पष्ट उल्लेख, प्रस्तुत नहीं किया गया। ऐसे में गंभीर आरोप प्रमाणित नहीं माने जा सकते।

    अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि वैवाहिक जीवन में सामान्य मतभेद, तकरार या पारिवारिक विवाद अपने-आप में ‘क्रूरता’ की श्रेणी में नहीं आते। तलाक जैसे गंभीर निर्णय के लिए आरोपों का स्पष्ट और प्रमाणिक होना आवश्यक है।

    Share. WhatsApp Facebook Twitter Email Copy Link
    Admin

    Related Posts

    SC/ST/OBC के खाली पदों पर विधायक राजेश कच्छप ने विधानसभा में की बहस, सरकार ने दिया जवाब

    February 21, 2026

    Jharkhand में मोबाइल ऐप से होगी जनगणना, गलत जानकारी पर सख्त सजा

    February 21, 2026

    रांची: झारखंड विधानसभा में पेश हुआ 6450 करोड़ रुपये का तृतीय अनुपूरक बजट, छात्रों और आम जनता के मुद्दों पर गरमाई बहस

    February 20, 2026
    Add A Comment
    Leave A Reply Cancel Reply

    Recent Posts
    • SC/ST/OBC के खाली पदों पर विधायक राजेश कच्छप ने विधानसभा में की बहस, सरकार ने दिया जवाब
    • Jharkhand High Court का बड़ा फैसला: केवल शक के आधार पर नहीं मिलेगा तलाक
    • Jharkhand में मोबाइल ऐप से होगी जनगणना, गलत जानकारी पर सख्त सजा
    • Koylanchal Samvad e-paper | 21st Feb | Dhanbad
    • Koylanchal Samvad e-paper | 21st Feb | Ranchi
    • रांची: झारखंड विधानसभा में पेश हुआ 6450 करोड़ रुपये का तृतीय अनुपूरक बजट, छात्रों और आम जनता के मुद्दों पर गरमाई बहस
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest Vimeo YouTube
    • E-Paper
    • Content Policy Guidelines
    • Privacy Policy
    • Terms of Use
    © 2026 Koylanchal Samvad. Designed by Aliancy Technologies.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.