मैट्रिक और इंटर के रिजल्ट पर जारी विवाद के बीच झारखंड एकेमडिक काउंसिल (JAC) इनकी सप्लिमेंट्री परीक्षा की तैयारी में जुट गया है। इस बार परीक्षा के नियमों में बदलाव किए जा रहे हैं। पहले जहां इसमें सभी विषयों की परीक्षा की अनुमति दी गई थी, तो अब JAC परीक्षा के फॉर्मेंट में भी बदलाव करने की तैयारी कर रहा है।
इस बार की पूरक परीक्षा सब्जेक्टिव होने के बजाय ऑब्जेक्टिव हो सकती है। OMR शीट पर परीक्षा का आयोजन किया जा सकता है। हालांकि फिलहाल इस पर अंतिम निर्णय होना बाकी है। इस तैयारी पर निर्णयाक मुहर परीक्षा समिति की बैठक में लगेगी। इसके बाद शिक्षा विभाग JAC के इस प्रस्ताव को अपनी सहमति देगा।
क्यों किया जा रहा है बदलाव
दरअसल कोविड के कारण इस बार मैट्रिक और इंटर की परीक्षा का आयोजन नहीं किया गया है। पिछली कक्षाओं और प्रैक्टिकल के आधार पर स्टूडेंट्स को नंबर दिया गया है। इसके साथ ही देर से रिजल्ट जारी किया गया है। अब JAC पूरक परीक्षा का आयोजन और इसका रिजल्ट 15 सितंबर से पहले जारी कर देना चाह रहा है, ताकि स्टूडेंट्स इंटर और ग्रेजुएशन में समय पर एडमिशन ले सकें। उन्हें इसमें किसी प्रकार की परेशानी न हो
नंबर से असंतुष्ट स्टूडेंट्स भी हो सकते हैं शामिल
JAC के मुताबिक इस परीक्षा सभी प्रकार के स्टूडेंट्स शामिल हो सकते हैं। ऐसे जो फेल हुए हैं, उनके अलावा जो परीक्षा में शामिल नहीं हो सके, जिन्होंने रजिस्ट्रेशन तो कराया लेकिन किसी कारण से फॉर्म नहीं भर सके। साथ वे छात्र भी परीक्षा में शामिल हो सकते हैं जो पास तो हो गए हैं लेकिन अपने नंबरों से संतुष्ट नहीं हैं।

