झारखंड में पेट्रोल-डीजल और रसोई गैस की कीमतों में बढ़ोत्तरी और महंगाई के खिलाफ देशव्यापी विरोध कार्यक्रम के तहत सोमवार को कांग्रेस कार्यकत्तार्ओं ने राज्यभर में पेट्रोल पंपों पर हस्ताक्षर अभियान चलाया। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सह राज्य के वित्त और खाद्य आपूर्ति मंत्री डॉ रामेश्वर उरांव पेट्रोलियम पदार्थों और आवश्यक वस्तुओं की कीमत में वृद्धि के खिलाफ प्रदर्शन में खुद सड़क पर उतरे।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने राजधानी रांची के बरियातु रोड पेट्रोल पंप के समक्ष हस्ताक्षर अभियान में हिस्सा लिया। इस मौके पर कृषि मंत्री बादल पत्रलेख, पूर्व मंत्री गीताश्री उरांव, प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता आलोक कुमार दूबे, लाल किशोरनाथ शाहदेव, डॉ० राजेश गुप्ता छोटू, प्रदेश अल्पसंख्यक कांग्रेस अध्यक्ष शकील अख्तर अंसारी, वरिष्ठ नेता मदन मोहन शर्मा, फिरोज रिजवी मुन्ना, सन्नी टोप्पो, जितेन्द्र त्रिवेदी, शारीक अहमद, सोनी नायक, विनीता पाठक, कुमुद रंजन समेत अन्य नेता-कार्यकर्ता उपस्थित थे।
इस मौके पर पत्रकारों से बातचीत में डॉक्टर उरांव ने कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार भले ही सत्ता के मद में चूर है, लेकिन जनता अब छोड़ेगी नहीं। उन्होंने कहा कि 1947 से आज तक कांग्रेस ने जनहित को ध्यान में सभी कदम उठाया है और काम किया है। परंतु सत्ता के नशे में चूर केंद्र सरकार महंगाई पर अंकुश के लिए कोई कदम नहीं उठा रही है। यही कारण है कि जनता के आक्रोश को देखते हुए पेट्रोलियम मंत्री को बदल दिया गया है, परंतु अब भी पेट्रोल-डीजल की कीमत में लगातार बढ़ोत्तरी हो रही है।
लोग चीख-चीख कर महंगाई कम करने की मांग कर रहे हैं, पेट्रोल-डीजल की कीमत में वृद्धि होने से महंगाई बढ़ जाती है। इसका असर चावल, दाल, आटा, नमक और तेल समेत सभी आवश्यक वस्तुओं पर पड़ता है। लोगों की आमदनी घट रही है, लेकिन महंगाई बढ़ने से सभी त्रस्त है, परंतु प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ऐसे महाराज की तरह व्यवहार कर रहे है, जैसे उन्हें जनता के दु:ख दर्द से कोई लेना-देना ही नहीं है।

